Top
Begin typing your search above and press enter to search.

Raja Raghuvanshi murder case : राजा रघुवंशी हत्याकांड में आया नया मोड़, आरोपी लोकेंद्र को शिलांग पुलिस ने लिया ट्रांजिट रिमांड पर, उगलवाएंगी कई राज...

अब लोकेंद्र को ग्वालियर से इंदौर, फिर दिल्ली, गुवाहाटी, और अंत में शिलांग ले जाया जाएगा, जहां उनसे गहन पूछताछ होगी।

Raja Raghuvanshi murder case : राजा रघुवंशी हत्याकांड में आया नया मोड़, आरोपी लोकेंद्र को शिलांग पुलिस ने लिया ट्रांजिट रिमांड पर, उगलवाएंगी कई राज...
X

Raja Raghuvanshi murder case : इंदौर। मध्यप्रदेश के बहुचर्चित राजा रघुवंशी हत्याकांड में एक नया मोड़ आया है। इस सनसनीखेज मामले में आठवें आरोपी लोकेंद्र सिंह तोमर की गिरफ्तारी के बाद शिलांग पुलिस ने उन्हें तीन दिन के ट्रांजिट रिमांड पर लिया है। ग्वालियर क्राइम ब्रांच ने सोमवार दोपहर लोकेंद्र को गांधीनगर के एमके प्लाजा से हिरासत में लिया था। मंगलवार को शिलांग पुलिस ने उन्हें ग्वालियर की जेएमएफसी अर्पिता त्रिपाठी की कोर्ट में पेश किया, जहां से ट्रांजिट रिमांड मंजूर हुआ। अब लोकेंद्र को ग्वालियर से इंदौर, फिर दिल्ली, गुवाहाटी, और अंत में शिलांग ले जाया जाएगा, जहां उनसे गहन पूछताछ होगी।

हत्या के सबूत छिपाने में लोकेंद्र की भूमिका-

पुलिस सूत्रों के अनुसार, लोकेंद्र सिंह तोमर पर आरोप है कि उन्होंने राजा रघुवंशी की पत्नी और मुख्य साजिशकर्ता सोनम रघुवंशी के काले बैग को जलवाने का निर्देश प्रॉपर्टी डीलर शिलोम जेम्स को दिया था। इस बैग में 5 लाख रुपये नकद, एक देसी पिस्टल, गहने और संभवतः राजा व सोनम के मोबाइल फोन थे, जो हत्याकांड के अहम सबूत माने जा रहे हैं। हालांकि बैग को हरे कृष्णा विहार कॉलोनी में जलाया गया, लेकिन नकदी और पिस्टल गायब हैं। पुलिस को शक है कि ये सामान लोकेंद्र के पास हो सकता है।

फ्लैट का मालिक है लोकेंद्र-

लोकेंद्र मूल रूप से ग्वालियर का रहने वाला है और डेलटाप इंफ्रास्ट्रक्चर प्राइवेट लिमिटेड का प्रोजेक्ट डायरेक्टर है। पिछले कुछ वर्षों से उसने अपना कारोबार इंदौर में शिफ्ट कर लिया है। इंदौर के देवास नाका स्थित जिस फ्लैट में सोनम हत्या के बाद 30 मई से 7 जून तक छिपी थी, वह लोकेंद्र का ही है। इस फ्लैट को लोकेंद्र ने प्रॉपर्टी डीलर शिलोम जेम्स को किराए पर दिया था, जिसने आगे इसे सुपारी किलर विशाल चौहान को उपलब्ध कराया। पुलिस का मानना है कि लोकेंद्र ने न केवल सोनम को पनाह दी, बल्कि सबूत मिटाने में भी सक्रिय भूमिका निभाई।

हत्याकांड की साजिश और अब तक की गिरफ्तारियां-

राजा रघुवंशी हत्याकांड में अब तक आठ आरोपियों की पहचान हुई है, जिनमें से सात गिरफ्तार हो चुके हैं। मुख्य साजिशकर्ता सोनम रघुवंशी, उनके प्रेमी राज कुशवाह, सुपारी किलर विशाल चौहान, आकाश राजपूत, आनंद कुर्मी, प्रॉपर्टी डीलर शिलोम जेम्स, और सिक्योरिटी गार्ड बलवीर अहिरवार उर्फ बल्लू को पहले ही हिरासत में लिया जा चुका है। सोनम ने अपने पति राजा की हत्या की साजिश राज कुशवाह के साथ मिलकर रची थी। शुरुआत में पिस्टल से हत्या का प्लान था, लेकिन बाद में गुवाहाटी से 400 रुपये में खरीदे गए डाव (धारदार हथियार) से 23 मई को मेघालय के वेसॉडोंग फॉल्स में राजा की हत्या कर दी गई।

पुलिस की आगे की रणनीति-

शिलांग पुलिस की एसआईटी अब लोकेंद्र से पूछताछ कर यह पता लगाने की कोशिश कर रही है कि गायब पिस्टल, 5 लाख रुपये, और अन्य सबूत कहां हैं। पुलिस को आशंका है कि लोकेंद्र की भूमिका केवल सबूत छिपाने तक सीमित नहीं हो सकती; वह हत्या की साजिश में भी शामिल हो सकता है। ग्वालियर और इंदौर में लोकेंद्र के फ्लैट्स की तलाशी ली गई है, और फोरेंसिक टीम ने जले हुए बैग के अवशेषों की जांच शुरू कर दी है।


Next Story
All Rights Reserved. Copyright @2019
Powered By Hocalwire