हमीदिया हॉस्पिटल से आउटसोर्स कर्मचारियों को हटाएं जाने का विरोध, प्रस्ताव को ठुकराया...
MP News : भोपाल। राजधानी भोपाल के हमीदिया अस्पताल में आउटसोर्स कर्मचारी को हटाएं जाने का विरोध बरकरार है। हॉस्पिटल और आउटसोर्स कर्मचारियों को रखने वाली कंपनी के बीच विवाद बना हुआ है। हालही में कंपनी द्वारा जिन कर्मचारियों को यथावत रखने का प्रस्ताव जीएमसी को भेजा गया था, उससे गांधी मेडीकल कॉलेज ने ठुकरा दिया है। कर्मचारियों ने ही सवाल उठाये हैं कि जब उनकी संख्या अतिरिक्त थी तो उन्हें रखा ही क्यों गया था। इस समय जिन आउटसोर्स कर्मचारियों को निकाला जाना है, उन्हें कंपनी नोटिस दे रही है। टोटल चार सौ कर्मचारियों की सेवा को समाप्त किया जाना है।
MP News : हाल ही में कंपनी द्वारा गांधी मेडीकल कॉलेज को कर्मचारियों को यथावत रखने का प्रस्ताव भेजा गया था। इस प्रस्ताव तो कॉलेज ने ठुकरा दिया है। जीएमसी ने स्पष्ट कहा है कि बजट का भारी अभाव है। इस कारण इन रखना अब संभव नहीं है। इधर कर्मचारियों ने सवाल उठाये हैं कि जब उनकी संख्या अतिरिक्त थी तो आखिर उन्हें रखा ही क्यों गया था। जिन कर्मचारियों को नोटिस मिल गया है। उनमें उदासी का माहौल छाया हुआ है। 31 दिसंबर से इनकी अस्पताल में कोई सेवाएं नहीं मानी जाएंगी। यह कार्यवाही होने के बाद अस्पताल में काम पर सीधा असर पड़ने लगा है।
MP News : नवीन ए ब्लाक में पंचम छठीं और सातवीं मंजिल पर नियमित सफाई व्यवस्था नहीं हो पा रही है। बी ब्लॉक के जहां सुल्तानिया अस्पताल में भी 50 सफाई कर्मचारियों का अभाव हो गया है। नोटिस मिलने के बाद से यह काम पर नहीं आ रहे हैं। हमीदिया अस्पताल में लघु वेतन संघ की स्वास्थ्य इकाई ने फिर कार्यवाही पर सवाल उठाये हैं। संघ के मांगीलाल का कहना है कि जब गांधी मेडीकल कॉलेज की नजर में यह कर्मचारी अतिरिक्त थे, तो इनका अभी तक वेतन का आहरण कैसे होता रहा है। जीएमसी को इस मामले में कर्मचारियों के समक्ष जवाब देना चाहिए। जमीनी हकीकत को देखा जाए तो अस्पताल में पांच सौ से अधिक कर्मचारियों की जरूरत है।

