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Cyclone Ditvah: चक्रवात दित्वाह का असर, दक्षिण भारत में बारिश और तूफान का कहर, कई उड़ानें रद्द; श्रीलंका में 123 लोगों की मौत

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Cyclone Ditvah: चक्रवात दित्वाह का असर, दक्षिण भारत में बारिश और तूफान का कहर, कई उड़ानें रद्द; श्रीलंका में 123 लोगों की मौत
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Cyclone Ditvah: नई दिल्ली: चक्रवात दित्वाह तेजी से दक्षिण भारत की ओर बढ़ रहा है, जिसके प्रभाव से तमिलनाडु, पुड्डुचेरी और आंध्र प्रदेश में भारी बारिश और तेज हवाएं चल रही हैं। मौसम विभाग ने अगले चार दिनों तक भारी से बहुत भारी बारिश और 70 किमी प्रति घंटे की रफ्तार तक की हवाओं का अलर्ट जारी किया है।

Cyclone Ditvah: तमिलनाडु में रमनाथपुरम और नागपट्टिनम जिलों में तेज हवाओं ने जनजीवन प्रभावित कर दिया है। चेन्नई एयरपोर्ट पर खराब मौसम के कारण 54 उड़ानें रद्द करनी पड़ीं, जबकि रेलवे ने कई ट्रेनों का रूट बदला है। राज्य में 6,000 राहत शिविर तैयार किए गए हैं। किसान संगठनों के अनुसार एक लाख एकड़ फसल पानी में डूबी है।

Cyclone Ditvah: पुड्डुचेरी में प्रशासन ने रेड अलर्ट जारी किया है। स्कूल और कॉलेज अगली घोषणा तक बंद कर दिए गए हैं, जबकि मछुआरों को समुद्र में जाने की मनाही है। 60 सदस्यीय राहत दल तैनात किया गया है।

Cyclone Ditvah: चक्रवात दित्वाह तटों के करीब, दक्षिण भारत में मौसम बिगड़ा

IMD के अनुसार चक्रवात दित्वाह 30 नवंबर की सुबह तक दक्षिण-पश्चिम बंगाल की खाड़ी में तमिलनाडु, पुडुचेरी और दक्षिण आंध्र तटों के पास पहुंच जाएगा। तट के नजदीक आते ही इन क्षेत्रों में तेज हवाएं, भारी बारिश और समुद्र में ऊंची लहरें उठने लगी हैं। मछुआरों और लोगों को समुद्र तट से दूर रहने के निर्देश दिए गए हैं। आंध्र प्रदेश में 30 नवंबर से 3 दिसंबर तक भारी बारिश और तेज हवाओं की चेतावनी है।

Cyclone Ditvah: दित्वाह का सबसे भीषण असर श्रीलंका में देखने को मिला, जहां आपातकाल लागू कर दिया गया है। सरकारी आंकड़ों के अनुसार 123 लोगों की मौत हो चुकी है और 130 लापता हैं। भारत ने श्रीलंका को बड़ी मानवीय मदद भेजी है। आईएनएस विक्रांत, आईएनएस उदयगिरी, सी-130J और IL-76 से 27 टन राहत सामग्री, NDRF टीमें, उपकरण और दो चेतक हेलीकॉप्टर राहत कार्यों में लगे हैं। भारत ने कहा है कि वह इस संकट में श्रीलंका के साथ मजबूती से खड़ा है।


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