नक्सल मोर्चे पर बड़ी सफलता, सुरक्षाबलों ने 31 नक्सलियों को मार गिराया, सीएम ने की स्तिथि की समीक्षा
रायपुर: छत्तीसगढ़ के नक्सल प्रभावित नारायणपुर और दंतेवाड़ा जिले की सीमा पर सुरक्षाबलों और नक्सलियों के बीच हुई मुठभेड़ में अब तक 31 नक्सलियों के शव बरामद किए जा चुके हैं। इस भीषण मुठभेड़ के दौरान बड़ी संख्या में ऑटोमेटिक हथियार, जैसे एलएमजी, एके-47, एसएलआर, इंसास और .303 राइफल भी बरामद हुए हैं। सर्च ऑपरेशन अभी भी जारी है।
यह मुठभेड़ नारायणपुर जिले के ओरछा के नेंदूर और दंतेवाड़ा जिले के बारसूर के थुलथुली गांव के जंगलों में हुई। सुरक्षाबलों को नक्सलियों की उपस्थिति की सूचना मिली थी, जिस पर कार्रवाई करते हुए जवानों ने इलाके में सर्च अभियान शुरू किया। नक्सलियों ने सुरक्षाबलों पर अचानक फायरिंग शुरू कर दी, जिसके बाद जवाबी कार्रवाई में बड़ी संख्या में नक्सलियों को मार गिराया गया।
मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय का बयान: मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने जवानों की बहादुरी और साहस की सराहना की। उन्होंने कहा, "नक्सलियों के खिलाफ यह बड़ी सफलता है, और हम नक्सलवाद के खात्मे के लिए प्रतिबद्ध हैं।" उन्होंने जवानों के हौसले को नमन करते हुए कहा कि नक्सलवाद के अंत तक यह लड़ाई जारी रहेगी।
इसके अलावा, मुख्यमंत्री साय ने एक हाई लेवल मीटिंग बुलाई, जिसमें नारायणपुर-दंतेवाड़ा में चल रही मुठभेड़ पर चर्चा की गई और पुलिस अधिकारियों के साथ आगे की रणनीति पर विचार किया गया।
बस्तर IG पी सुंदरराज: अब तक का सबसे बड़ा नक्सल ऑपरेशन
बस्तर के IG पी सुंदरराज ने इसे अब तक का सबसे बड़ा नक्सल ऑपरेशन करार दिया है। शनिवार सुबह उन्होंने जानकारी दी कि मुठभेड़ में अब तक 31 नक्सलियों के शव बरामद किए जा चुके हैं, और तलाशी अभियान अभी भी जारी है। ऑपरेशन के तहत अतिरिक्त सुरक्षाबलों, जिनमें CRPF और DRG के जवान शामिल हैं, को इलाके में तैनात किया गया है।
मुठभेड़ स्थल से भारी मात्रा में हथियार बरामद हुए हैं, जिनमें एलएमजी राइफल, एके 47, एसएलआर, इंसास और कैलिबर .303 राइफल शामिल हैं। इस ऑपरेशन में DRG का एक जवान घायल हुआ है, लेकिन वह खतरे से बाहर है।

