अंगदान को प्रेरित करने एम्स में होगा हार्ट के साथ लंग्स का ट्रांसप्लांट
भोपाल। एम्स भोपाल में जल्द हार्ट के साथ लंग्स का प्रत्यारोपण शुरू होने जा रहे हैं। बीते एक साल में दो सफल किडनी प्रत्यारोपण कर चुका है। इसके बाद यहां के चिकित्सकों को अंग प्रत्यारोपण के क्षेत्र में अब नई उम्मीद दिखने लगी है। यही कारण है कि एम्स प्रबंधन ने हार्ट व लंग्स प्रत्यारोपण की तैयारी भी शुरू कर दी है। जल्द एम्स भोपाल में हार्ट व लंग्स ट्रांसप्लांट की सुविधा शुरू की जाएगी।
अंग प्रत्यारोपण कार्यक्रम में किसी प्रकार की बाधा न आए, इसके लिए एम्स प्रबंधन आमजन को अंगदान के लिए प्रेरित भी करेगा। एम्स भोपाल के निदेशक डॉ. अजय सिंह ने बताया कि किडनी प्रत्यारोपण की सफलता हमारी समर्पित टीम की विशेषज्ञता और अंग प्रत्यारोपण के क्षेत्र में हमारे द्वारा की जा रही प्रगति का प्रमाण है। हालांकि, असली चुनौती लोगों को अंग दान के लिए प्रेरित करने और जीवन बचाने में निहित है। इस नेक कार्य में योगदान देने के लिए लोगों को आगे आना चाहिए, क्योंकि जीवन का उपहार सबसे बड़ा उपहार है जो कोई दे सकता है।
प्रत्यारोपण वाले मरीजों की बन रही सूचीः एम्स से मिली जानकारी अनुसार वर्तमान में आठ मरीज प्रत्यारोपण के लिए उपयुक्त दाताओं की प्रतीक्षा सूची में हैं। इनकी सभी प्रकार की जांच चल रही है। जैसे जैसे रिपोर्ट क्लीयर आती जाएंगी, एक-एक कर ट्रांसप्लांट किया जाएगा। इसके साथ ही संस्थान में जल्द ही हृदय और फेफड़े के प्रत्यारोपण की शुरुआत करने की तैयारी की जा रही है, ताकि भविष्य में व्यापक मल्टी-ऑर्गन प्रत्यारोपण सेवाएं प्रदान की जा सकें।
प्रत्यारोपण कार्यक्रम के सफल संचालन के साथ ही अंग दान को लेकर लोगों में झिझक जैसी चुनौतियों का सामना करना पड़ रहा है। चिकित्सा प्रौद्योगिकी में प्रगति के बावजूद, कई लोग अंग दान के लिए आगे नहीं आते है, जिससे जरूरतमंद मरीजों और उपलब्ध दाताओं के बीच एक बड़ा अंतर बना हुआ है।

