नेता प्रतिपक्ष ने गोविंद सिंह राजपूत को बताया परिवहन घोटाले का मास्टरमाइंड,केंद्रीय मंत्री को पैसा भेजने का आरोप
- Rohit banchhor
- 15 Feb, 2025
विधानसभा में इन मुद्दों पर चर्चा नहीं होती है और सरकार इन घोटालों को बचाना चाहती है।
MP News : भोपाल। मध्य प्रदेश में हुए परिवहन घोटाले को लेकर सियासी बयानबाजी थमने का नाम नहीं ले रही है। अब नेता प्रतिपक्ष उमंग सिंघार ने परिवहन घोटाले को लेकर तत्कालीन परिवहन मंत्री गोविंद सिंह राजपूत पर कई बड़े आरोप लगाए है। आज राजधानी भोपाल में नेता प्रतिपक्ष उमंग सिंगार ने पत्रकारों से बातचीत करते हुए कहा कि पीएम मोदी जीरो टॉलरेंस की बात करते हैं पर मध्य प्रदेश में घोटाले पे घोटाले होते जा रहे हैं और विधानसभा में इन मुद्दों पर चर्चा नहीं होती है और सरकार इन घोटालों को बचाना चाहती है।
MP News : सौरभ शर्मा मामले में हो रही लीपापोती-
उमंग सिंघार ने कहा कि सौरभ शर्मा ने परिवहन घोटाला किया और जाँच में लीपा पोती हो रही है। सौरभ शर्मा के यहाँ से मिले दस्तावेजों की जाँच नहीं हुई इसमें तमाम नेताओं, मंत्रियों और अधिकारियों के नाम हैं। उमंग ने कहा 19 दिसंबर को सौरभ शर्मा के घर छपा पड़ा, 41 दिन बाद सौरभ शर्मा की गिरफ्तारी हुई ,सिंघार ने कहा कि सौरभ शर्मा के फ़ोन के अंदर ऐसा क्या है उसकी CDR जारी नहीं हुई और अगर इसकी जाँच होगी तो कई अधिकारियों और मंत्रियों की कुर्सी हिल जाएगी।
MP News : गोविंद सिंह राजपूत ने संभाला पूरा रैकेट-
नेता प्रतिपक्ष उमंग सिंघार ने कहा कि परिवहन घोटाला कब से शुरू हुआ है,गोविंद राजपूत ने पूरे रैकेट को सम्भाला और संजय श्रीवास्तव जो OSD थे , दशरथ पटेल जो 2022 में रिटायर्ड हुए आलिम ख़ान जो 2023 में रिटायर्ड हुए वह सब शामिल हैं, उन्होंने कहा डायरी में TM, TC लिखा था यानी ट्रांसपोर्ट मिनिस्टर और ट्रांसपोर्ट कमिश्नर का नाम होता है। नरेंद्र भदोरिया, गौरव पारासर, हेमंत जाटव, धनजय चौबे चेक पोस्ट का ठेका लेते थे और वह लोग खुले आम ठेका चला रहे थे। एक साल के 1500 करोड़ रुपए की वसूली हो रही इस मामले में जाँच एजेंसी और सरकार चुप है।
MP News : गोविंद सिंह राजपूत के दफ्तर में होती थी डिलिंग-
उमंग सिंगार ने कहा कि सौरभ शर्मा का वह सहयोगी थे और गोविंद सिंह राजपूत के दफ़्तर में डीलिंग होती थी। उमंग सिंघार ने इल्जाम लगाते हुए कहा कि गोविंद राजपूत ने 2019 से 2024 के बीच में अपनी पत्नी और बच्चों के नाम से 400 करोड़ रुपए की जमीनें खरीदी। 200 करोड़ की अपनी सास और रिश्तदारों के नाम पर जमीने ख़रीदी गईं, 2023 में गोविंद सिंह राजपूत ने 134 करोड़ की संपत्ति का ब्यौरा शपथ पत्र में नहीं दिया और काली कमाई को छिपाने के लिए ज्ञान वीर समिति के नाम से खेला किया गया। दान के नाम पर जमीने दान करा रहे हैं और दिल्ली की डिफेंस कॉलोनी में गोविंद सिंह राजपूत ने जमीने ख़रीदी हैं। एक ही बिल्डिंग में कई ख़ास और बिजनेस पार्टनर ने फ्लैट खरीदे हैं।
MP News : केंद्रीय मंत्री के पास जाता था परिवाहन विभाग से पैसा-
पत्रकार वार्ता के दौरान उमंग यही नहीं रुके उन्होंने आगे केंद्र के एक मंत्री को भी निशाने पर लिया। उन्होंने आरोप लगाया कि एमपी के परिवहन विभाग से केंद्र के मंत्री के पास पैसा जाता था।
परिवहन विभाग से एक केंद्रीय मंत्री को 2 करोड़ रुपए प्रति महीना जाता था। अगर ED ने उस केंद्रीय मंत्री का नाम नहीं बताया तो उसका नाम बाद में बताऊंगा , उन्होंने कहा मैं पीएम मोदी को शिकायती पत्र दूंगा , सिंघार ने कहा सिंधिया के करीबी गोविंद सिंह राजपूत पर कार्रवाई नहीं हुई, सिंधिया को अपने करीबी मंत्री गोविंद सिंह राजपूत से इस्तीफा दिलाना चाहिए। उनसे जब पूछा गया कि गोविंद सिंह राजपूत आपके निशाने पर हैं और आपके ही बगल में बैठे उप नेता प्रतिपक्ष हेमंत कटारे पूर्व मंत्री भूपेंद्र सिंह पर इस मामले को लेकर इल्जाम लगाते हैं तब उन्होंने कहा सब मिले थे सब की जांच होना चाहिए। उन्होंने कहा इस मामले की जुडिशियल जांच होनी चाहिए।

