IFR 2026: विशाखापट्टनम में इंटरनेशनल फ्लीट रिव्यू 2026 में 70 से ज्यादा देशों ने समुद्र में देखी भारत की बढ़ती ताकत, राष्ट्रपति मुर्मू ने किया अवलोकन
IFR 2026: विशाखापट्टनम: आंध्र प्रदेश के विशाखापट्टनम तट पर 18 फरवरी को भारत की नौसैनिक शक्ति का भव्य प्रदर्शन देखने को मिला। राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू ने इंटरनेशनल फ्लीट रिव्यू (IFR) 2026 की अध्यक्षता करते हुए स्वदेशी युद्धपोत आईएनएस सुमेधा पर सवार होकर बंगाल की खाड़ी में खड़े भारतीय और विदेशी जहाजों का औपचारिक निरीक्षण किया। गार्ड ऑफ ऑनर और 21 तोपों की सलामी के बीच आयोजित इस समारोह में 70 से अधिक देशों की नौसेनाओं ने भाग लिया।

IFR 2026: इस दौरान भारतीय नौसेना के 50 से अधिक लड़ाकू विमान और हेलिकॉप्टरों ने फ्लाई-पास्ट कर राष्ट्रपति को सलामी दी। मिग-29के, एलसीए तेजस, पी-8आई, एएलएच और सी-किंग हेलिकॉप्टरों की गूंज से आसमान रोमांचित हो उठा। समुद्र में मार्कोस कमांडो बल ने अपने विशेष अभियान कौशल का प्रदर्शन किया। समारोह में भारत के स्वदेशी विमानवाहक पोत आईएनएस विक्रांत समेत कई आधुनिक युद्धपोत और पनडुब्बियां शामिल रहीं।

IFR 2026: राष्ट्रपति मुर्मू ने कहा कि भारतीय नौसेना देश के समुद्री हितों की रक्षा और क्षेत्रीय स्थिरता बनाए रखने में महत्वपूर्ण भूमिका निभा रही है। उन्होंने IFR की थीम ‘यूनाइटेड थ्रू ओशंस’ का उल्लेख करते हुए कहा कि यह आयोजन वैश्विक एकता और सहयोग का प्रतीक है। भारत का दृष्टिकोण ‘वसुधैव कुटुंबकम’ और ‘महासागर’ विजन से प्रेरित है, जो क्षेत्रीय सुरक्षा और साझा विकास को बढ़ावा देता है।

IFR 2026: 15 से 25 फरवरी तक चल रहे इस आयोजन के तहत एक्सरसाइज मिलन-2026 और IONS कॉन्क्लेव ऑफ चीफ्स भी आयोजित हो रहे हैं। एशिया, अफ्रीका, यूरोप और ऑस्ट्रेलिया के कई देशों के युद्धपोत इसमें शामिल हैं।

