RSS प्रमुख मोहन भागवत रायपुर पहुंचे, संघ के 100 साल पूरा होने पर अलग-अलग वर्ग से करेंगे चर्चा
- Pradeep Sharma
- 27 Dec, 2024
Mohan Bhagwat: राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ के सरसंघचालक मोहन भागवत शुक्रवार शाम पांच दिवसीय छत्तीसगढ़ दौरे के लिए रायपुर पहुंच चुके
रायपुर। Mohan Bhagwat: राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ के सरसंघचालक मोहन भागवत शुक्रवार शाम पांच दिवसीय छत्तीसगढ़ दौरे के लिए रायपुर पहुंच चुके हैं। वे 27 से 31 दिसंबर तक संगठन विस्तार को लेकर महत्वूर्ण बैठक लेंगें और आरएसएस का शताब्दी वर्ष पूरा होने पर कार्यक्रमों की जानकारी लेंगे। इस दौरान वे टोली बैठक और सांय- प्रातः शाखा में शामिल होंगे। इसके बाद डॉ. मोहन भागवत 1 जनवरी को दोपहर रायपुर से दिल्ली रवाना हो जाएंगे।
Mohan Bhagwat: संघ के सौ साल
बता दें कि राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ के अगले साल सौ साल पूरे हो रहे हैं। इस शताब्दी वर्ष में आरएसएस देशभर में कार्यक्रम करेगा। किस तरह के कार्यक्रम होने हैं, इसको लेकर लगातार सरसंघचालक डॉ. मोहन भागवत का राज्यों का दौरा चल रहा है। इसी कड़ी में उनका 27 से 31 दिसंबर तक रायपुर प्रवास होगा।
Mohan Bhagwat: इस दौरान वे अलग-अलग सत्र में कार्यकर्ताओं व वरिष्ठ अधिकारियों के साथ संगठन को मजबूत करने पर चर्चा करेंगे। शताब्दी वर्ष में आरएसएस का बड़ा फोकस पंच परिवर्तन पर है। इसके बारे में जानकारी देकर बताया जाएगा, क्या-क्या करना है।
Mohan Bhagwat: स्थापना का शताब्दी वर्ष मना रहा RSS
1925 में स्थापित राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ इस वर्ष अपनी स्थापना का शताब्दी वर्ष मना रहा है। इसके लिए देश के अलग-अलग प्रांतों में सरसंघचालक मोहन भागवत का प्रवास हो रहा है। इस प्रवास में संबंधित प्रांत में संगठनात्मक कार्यों पर वह चर्चा करते हैं। इसी क्रम में छत्तीसगढ़ में राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ के संगठनात्मक विषयों व शताब्दी वर्ष पर चलने वाले कार्यक्रमों पर वह संगठन के अधिकारियों व कार्यकर्ताओं से संवाद करेंगे।
Mohan Bhagwat: विभिन्न सत्र में लेंगे बैठक
सरसंघचालक डॉ. भागवत अपने प्रवास के दौरान विषय आधारित विभिन्न बैठकों में संगठनात्मक कार्यों की चर्चा करेंगे। सरसंघचालक की इन बैठकों में कार्य विस्तार के साथ कार्यकर्ताओं व स्वयंसेवकों के गुणात्मक विकास पर विशेष रूप से चर्चा होगी। Mohan Bhagwat: संघ ने शताब्दी वर्ष में प्रत्येक गांव व शहरी क्षेत्र तक शाखा के माध्यम से पहुंचने का लक्ष्य रखा है। सरसंघचालक का प्रवास छत्तीसगढ़ में संघ कार्य को सर्वव्यापी एवं सर्वस्पर्शी बनाने की दिशा में अत्यंत महत्वपूर्ण सिद्ध होगा।

