Ramayana Temple in Bihar : बिहार का विराट रामायण मंदिर होगा अयोध्या राम मंदिर और कुतुब मीनार से भी ऊंचा, जानें पूरी डिटेल
Ramayana Temple in Bihar : बिहार के पूर्वी चंपारण जिले में बन रहे विराट रामायण मंदिर को लेकर देशभर में चर्चा है। यह मंदिर न केवल अपने भव्य आकार के लिए, बल्कि ऊंचाई और धार्मिक महत्व के कारण भी सुर्खियों में है। मंदिर परिसर चकिया-केसरिया मार्ग पर लगभग 120 एकड़ में फैल रहा है।
Ramayana Temple in Bihar : विराट रामायण मंदिर की विशेषताएं
मंदिर का मुख्य शिखर 270 फीट ऊंचा होगा, जो अयोध्या के राम मंदिर (161 फीट) और दिल्ली की कुतुब मीनार (238 फीट) से भी ऊंचा है। परिसर में मुख्य शिखर के अलावा 198, 180, 135 और 108 फीट ऊंचे अन्य शिखर भी होंगे। कुल 12 भव्य शिखर बने हैं। मंदिर का कुल क्षेत्रफल 1080 फीट लंबाई और 540 फीट चौड़ाई में फैला होगा। यह स्थापत्य और आध्यात्मिक दृष्टि से देश के सबसे बड़े मंदिरों में से एक माना जा रहा है।
Ramayana Temple in Bihar : 17 जनवरी को होगी प्राण-प्रतिष्ठा
विराट रामायण मंदिर ट्रस्ट के अनुसार, 17 जनवरी 2026 को परिसर में स्थापित किए जा रहे विश्व के सबसे बड़े शिवलिंग की प्राण-प्रतिष्ठा का भव्य आयोजन होगा। इस अवसर पर देशभर से संत-महात्मा, विद्वान पंडित और हजारों श्रद्धालु शामिल होंगे। इसी दिन सहस्र शिवलिंग की पीठ-स्थापना भी शास्त्रीय विधि-विधान के अनुसार संपन्न होगी।
Ramayana Temple in Bihar : तुलना अन्य ऐतिहासिक संरचनाओं से
अयोध्या राम मंदिर: शिखर सहित कुल ऊंचाई 161 फीट, लंबाई 360 फीट, चौड़ाई 235 फीट। कुतुब मीनार, दिल्ली: कुल ऊंचाई 72.5 मीटर (लगभग 238 फीट), ईंट निर्मित दुनिया की सबसे ऊंची मीनार। ऊंचाई के मामले में प्रस्तावित विराट रामायण मंदिर इन दोनों ऐतिहासिक और धार्मिक संरचनाओं को पीछे छोड़ देगा और इसे देश के सबसे ऊंचे मंदिर शिखरों में शुमार किया जाएगा।

