Former Chairman L. Khiangte Arrested: छात्रों के आंदोलन के बीच JPSC के पूर्व चेयरमैन एल. खियांगते गिरफ्तार, परीक्षा धांधली मामले में CID का बड़ा एक्शन

रांची में JPSC और अन्य प्रतियोगी परीक्षाओं से जुड़े विवाद को लेकर चल रहे छात्र आंदोलन के बीच झारखंड CID ने बड़ी कार्रवाई की है।

Update: 2026-08-10 10:06 GMT

रांची। रांची में JPSC और अन्य प्रतियोगी परीक्षाओं से जुड़े विवाद को लेकर चल रहे छात्र आंदोलन के बीच झारखंड CID ने बड़ी कार्रवाई की है। जांच एजेंसी ने झारखंड लोक सेवा आयोग (JPSC) के पूर्व अध्यक्ष एल. खियांगते को गिरफ्तार किया है। उन पर आयोग के अध्यक्ष पद पर रहते हुए एक कथित ब्लैकलिस्टेड एजेंसी को काम दिलाने के बदले रिश्वत लेने सहित कई गंभीर आरोपों की जांच चल रही थी। गिरफ्तारी से पहले CID उनसे कई दौर में पूछताछ कर चुकी थी।

आरोपी से पूछताछ के बाद पूर्व चेयरमैन तक पहुंची जांच

CID के मुताबिक, मामले में पहले गिरफ्तार किए गए अभय तिवारी से पूछताछ के दौरान मिली जानकारी के आधार पर जांच को आगे बढ़ाया गया। इसी क्रम में जांच टीम ने एल. खियांगते को गिरफ्तार किया। आरोप है कि JPSC की परीक्षा प्रक्रिया से जुड़े काम में एक ऐसी एजेंसी को जिम्मेदारी दी गई थी, जिसे पहले ब्लैकलिस्ट किया जा चुका था। एजेंसी के साथ कथित लेनदेन और परीक्षा प्रक्रिया में अनियमितताओं को लेकर जांच जारी है।

OMR शीट में गड़बड़ी और परीक्षा माफिया से कनेक्शन के आरोप

एल. खियांगते पर OMR शीट में कथित छेड़छाड़ और परीक्षा से जुड़े लोगों के साथ सांठगांठ के आरोप भी सामने आए थे। इसी विवाद के बीच उन्होंने 22 जुलाई को JPSC अध्यक्ष के पद से इस्तीफा दे दिया था। वह 1988 बैच के झारखंड कैडर के वरिष्ठ IAS अधिकारी रहे हैं और राज्य के मुख्य सचिव की जिम्मेदारी भी संभाल चुके हैं।

परीक्षा धांधली मामले में कई गिरफ्तारियां

झारखंड में परीक्षा प्रक्रिया में कथित गड़बड़ी की जांच के दौरान CID अब तक करीब 19 लोगों को गिरफ्तार कर चुकी है। इनमें परीक्षा संचालन से जुड़ी एजेंसी के कर्मचारी और अन्य संदिग्ध भी शामिल बताए जा रहे हैं। जांच एजेंसी परीक्षा प्रक्रिया, OMR शीट और कथित परीक्षा माफिया नेटवर्क से जुड़े विभिन्न पहलुओं की पड़ताल कर रही है।

17वें दिन भी जारी रहा छात्रों का आंदोलन

रांची में छात्रों का आंदोलन सोमवार को 17वें दिन भी जारी रहा। प्रदर्शनकारी अपनी मांगों को लेकर विधानसभा मार्च निकालने पहुंचे। पुलिस ने प्रदर्शनकारियों को रोकने के लिए वाटर कैनन का इस्तेमाल किया और बाद में लाठीचार्ज व आंसू गैस के गोले भी छोड़े गए। इसके बावजूद बड़ी संख्या में छात्र प्रदर्शन पर डटे रहे।

14वीं JPSC परीक्षा रद्द करने की मांग

आंदोलन कर रहे छात्रों की प्रमुख मांगों में 14वीं JPSC सिविल सेवा परीक्षा को रद्द करना, परीक्षा संचालन व्यवस्था में सुधार और कथित धांधली की स्वतंत्र जांच शामिल है। छात्र पूरे मामले की जांच CBI और ED से कराने की मांग भी कर रहे हैं। छात्र नेता देवेंद्र नाथ महतो लंबे समय से अनिश्चितकालीन भूख हड़ताल पर हैं। ऐसे में पूर्व JPSC चेयरमैन की गिरफ्तारी ने इस पूरे मामले को और गंभीर बना दिया है।

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