Chhattisgarh News : बिजली उपभोक्ताओं के लिए जरूरी खबर, 1 सितंबर से शुरू होगी eKYC; नाम गलत हुआ तो अटक सकता है सत्यापन
eKYC के सफल सत्यापन के लिए बिजली कंपनी के रिकॉर्ड में दर्ज उपभोक्ता का नाम और आधार कार्ड में दर्ज नाम का मिलान होना जरूरी होगा।
रायपुर। छत्तीसगढ़ में बिजली उपभोक्ताओं के लिए 1 सितंबर 2026 से eKYC प्रक्रिया शुरू होने जा रही है। इस प्रक्रिया के दायरे में सिर्फ घरेलू कनेक्शन ही नहीं, बल्कि गैर-घरेलू, कृषि, औद्योगिक, सड़क बत्ती और नलजल समेत बिजली कनेक्शन की सभी श्रेणियों के उपभोक्ता शामिल होंगे। eKYC के दौरान उपभोक्ता की पहचान और कनेक्शन से जुड़ी जानकारी का आधार के जरिए सत्यापन किया जाएगा।
बिजली कनेक्शन और आधार का नाम होना चाहिए एक जैसा
eKYC के सफल सत्यापन के लिए बिजली कंपनी के रिकॉर्ड में दर्ज उपभोक्ता का नाम और आधार कार्ड में दर्ज नाम का मिलान होना जरूरी होगा। नाम की स्पेलिंग में अंतर, उपनाम में बदलाव, पूरा नाम अलग होना या नाम परिवर्तन की स्थिति में आधार प्रमाणीकरण असफल हो सकता है। ऐसे में उपभोक्ताओं को सलाह दी गई है कि eKYC शुरू होने से पहले वे अपने बिजली कनेक्शन के रिकॉर्ड में दर्ज नाम की जांच कर लें। किसी गलती की स्थिति में पहले बिजली कंपनी के रिकॉर्ड में सुधार कराना होगा, उसके बाद ही eKYC प्रक्रिया पूरी की जा सकेगी।
घर बैठे Mor Bijli App से होगी eKYC
उपभोक्ताओं के लिए राहत की बात यह है कि eKYC के लिए हर बार बिजली कार्यालय जाने की जरूरत नहीं होगी। Mor Bijli App के माध्यम से घर बैठे आधार प्रमाणीकरण कराया जा सकेगा। छत्तीसगढ़ स्टेट पावर डिस्ट्रीब्यूशन कंपनी का यह ऐप पहले से बिल, भुगतान, शिकायत और अन्य बिजली सेवाओं के लिए इस्तेमाल किया जाता है। ऑनलाइन प्रक्रिया में परेशानी आने पर उपभोक्ता अपने संबंधित वितरण केंद्र या जोन कार्यालय में जाकर भी eKYC करा सकेंगे।
मीटर रीडर और अधिकृत कर्मचारी भी करेंगे मदद
बिजली कंपनी ने eKYC अभियान को आसान बनाने के लिए मीटर रीडरों को भी उपभोक्ताओं की मदद करने के निर्देश दिए हैं। कार्यालयों में अधिकृत कर्मचारी प्रकाश एप के eKYC पोर्टल के जरिए आवश्यक सत्यापन प्रक्रिया पूरी करेंगे।
eKYC के लिए नहीं देना होगा कोई शुल्क
eKYC की प्रक्रिया पूरी तरह निशुल्क रहेगी। बिजली कंपनी इसके लिए उपभोक्ताओं से किसी तरह का शुल्क नहीं लेगी। इसलिए यदि कोई व्यक्ति eKYC कराने के नाम पर पैसे की मांग करता है, तो उपभोक्ताओं को सतर्क रहना चाहिए और उसकी शिकायत संबंधित बिजली कार्यालय में करनी चाहिए।
आधार की जानकारी देते समय रहें सावधान
eKYC के दौरान आधार से जुड़ी संवेदनशील जानकारी साझा करनी पड़ सकती है। ऐसे में उपभोक्ताओं को किसी अनजान व्यक्ति, संदिग्ध लिंक या अनधिकृत ऐप के जरिए अपना आधार विवरण साझा करने से बचना चाहिए। हाल के महीनों में बिजली बिल और बिजली योजनाओं के नाम पर साइबर ठगी को लेकर भी छत्तीसगढ़ पावर कंपनी ने उपभोक्ताओं को सावधान किया है।
1 सितंबर से पहले कर लें रिकॉर्ड की जांच
eKYC अभियान शुरू होने से पहले सबसे जरूरी कदम यही है कि उपभोक्ता अपने बिजली कनेक्शन का नाम और आधार कार्ड का नाम जांच लें। दोनों में अंतर होने पर पहले रिकॉर्ड में सुधार कराना बेहतर रहेगा, ताकि सत्यापन के समय किसी तरह की परेशानी न हो।