CG News : ग्लास्गो कॉमनवेल्थ में सिल्वर मेडल जीतने वाली ज्ञानेश्वरी यादव को बड़ा सम्मान, CM साय ने किया DSP पद पर प्रमोशन का ऐलान
रायपुर : ग्लास्गो कॉमनवेल्थ गेम्स 2026 में भारत और छत्तीसगढ़ का गौरव बढ़ाने वाली वेटलिफ्टर ज्ञानेश्वरी यादव के लिए मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने बड़ा ऐलान किया है। मुख्यमंत्री ने ज्ञानेश्वरी को आउट ऑफ टर्न DSP पद पर पदोन्नति देने की घोषणा की है। इसके साथ ही राज्य सरकार की ओर से उन्हें 30 लाख रुपये की प्रोत्साहन राशि देने का भी ऐलान किया गया है।
CM आवास पर ज्ञानेश्वरी का हुआ सम्मान
मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने सोमवार, 3 अगस्त को मुख्यमंत्री निवास में ज्ञानेश्वरी यादव से मुलाकात की। इस दौरान उन्होंने कॉमनवेल्थ गेम्स में शानदार प्रदर्शन के लिए उन्हें बधाई दी और सम्मानित किया। मुख्यमंत्री ने कहा कि ज्ञानेश्वरी ने अपने पहले ही कॉमनवेल्थ गेम्स में महिलाओं की 53 किलोग्राम भारोत्तोलन स्पर्धा में सिल्वर मेडल जीतकर प्रदेश और देश का गौरव बढ़ाया है।
30 लाख रुपये की प्रोत्साहन राशि का ऐलान
ज्ञानेश्वरी की उपलब्धि को सम्मान देते हुए मुख्यमंत्री ने 30 लाख रुपये की प्रोत्साहन राशि देने की घोषणा की। इसके अलावा उन्हें पुलिस विभाग में आउट ऑफ टर्न प्रमोशन के तहत DSP बनाए जाने का भी ऐलान किया गया है। सरकार के इस फैसले को राज्य की खेल प्रतिभाओं को प्रोत्साहित करने की दिशा में बड़ा कदम माना जा रहा है।
बेटियों और युवाओं के लिए प्रेरणा बनीं ज्ञानेश्वरी
CM साय ने कहा कि ज्ञानेश्वरी यादव की उपलब्धि छत्तीसगढ़ की बेटियों और युवाओं के लिए प्रेरणा का मजबूत उदाहरण है। उन्होंने कहा कि प्रदेश सरकार खेल प्रतिभाओं को बेहतर अवसर, संसाधन और प्रोत्साहन उपलब्ध कराने के लिए प्रतिबद्ध है। मुख्यमंत्री ने उम्मीद जताई कि ज्ञानेश्वरी आने वाले समय में भी देश और छत्तीसगढ़ का नाम अंतरराष्ट्रीय मंच पर रोशन करेंगी।
राजनांदगांव के भोड़िया गांव से निकलकर बनाया मुकाम
ज्ञानेश्वरी यादव राजनांदगांव जिले के ग्राम भोड़िया की रहने वाली हैं। उन्होंने अपनी मेहनत और प्रतिभा के दम पर भारोत्तोलन में राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय स्तर पर पहचान बनाई है। इसी वर्ष एशियन वेटलिफ्टिंग चैंपियनशिप में भी उन्होंने कांस्य पदक जीतकर भारत का गौरव बढ़ाया था।
कौन हैं ज्ञानेश्वरी यादव
ज्ञानेश्वरी यादव फिलहाल छत्तीसगढ़ पुलिस विभाग में सहायक उप निरीक्षक (ASI) के पद पर कार्यरत हैं। अब कॉमनवेल्थ गेम्स में रजत पदक जीतने के बाद उन्हें आउट ऑफ टर्न प्रमोशन के जरिए DSP बनाए जाने की घोषणा हुई है। राज्य सरकार के इस फैसले से खेल और पुलिस सेवा, दोनों क्षेत्रों में उनकी उपलब्धि को नई पहचान मिली है।