UP News : गोमाता की रक्षा का पाठ हमें मत पढ़ाइए, मौलवियों के ज्ञापन पर सीएम योगी का बड़ा बयान
उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने अयोध्या दौरे के दौरान गाय की रक्षा और गो-संरक्षण को लेकर बड़ा बयान दिया।

Yogi Adityanath Statement on Cow Protection: अयोध्या। उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने अयोध्या दौरे के दौरान गाय की रक्षा और गो-संरक्षण को लेकर बड़ा बयान दिया। महंत परमहंस रामचंद्र दास के पुण्य स्मृति महामहोत्सव में शामिल हुए सीएम योगी ने अपने संबोधन में कुछ मौलवियों की ओर से गाय को राष्ट्रीय पशु घोषित करने की मांग को लेकर दिए गए ज्ञापन का जिक्र किया। उन्होंने कहा कि गाय सनातन परंपरा में पूजनीय है और इसे भारत की धरोहर के रूप में संरक्षित किया जाना चाहिए।
मौलवियों के ज्ञापन का किया जिक्र
सीएम योगी ने कहा कि हाल के दिनों में कुछ मौलवी गाय को राष्ट्रीय पशु घोषित करने की मांग को लेकर ज्ञापन दे रहे थे। ऐसा ही एक ज्ञापन उनके पास भी पहुंचा। उन्होंने बताया कि इस पर उन्होंने संबंधित लोगों से बातचीत की और गाय को लेकर उनके द्वारा इस्तेमाल किए गए शब्दों पर सवाल उठाया।
मुख्यमंत्री के मुताबिक, बातचीत के दौरान उन्होंने कहा कि गाय को केवल पशु के रूप में नहीं देखा जाता, बल्कि भारतीय परंपरा में उसे ‘गोमाता’ का दर्जा दिया गया है। उन्होंने गो-संरक्षण को अपनी व्यक्तिगत और प्रशासनिक प्राथमिकताओं से भी जोड़ते हुए आश्रम में गोपालन और प्रदेश में गोशालाओं के माध्यम से संरक्षण की बात कही।
गो-संरक्षण का उपदेश अपनी कौम को दें
सीएम योगी ने अपने संबोधन में कहा कि भारतीय परंपरा में गाय के प्रति विशेष सम्मान रहा है। उन्होंने दावा किया कि बातचीत के दौरान संबंधित लोगों ने उनके सामने अपनी बात में हुई गलती को स्वीकार किया। इसके बाद उन्होंने गो-तस्करी और गो-हत्या जैसे मुद्दों पर भी सवाल उठाए।
योगी ने कहा कि यदि गो-तस्करी और गो-हत्या जैसी गतिविधियां पूरी तरह बंद हो जाएं तो कानून-व्यवस्था में तैनात पुलिस बल को दूसरे जरूरी कामों में लगाया जा सकता है। उन्होंने कहा कि गो-संरक्षण केवल किसी एक समुदाय का विषय नहीं बल्कि सामाजिक जिम्मेदारी से जुड़ा मुद्दा है।
पहला ग्रास गोमाता के लिए
मुख्यमंत्री ने भारतीय परंपराओं का उल्लेख करते हुए कहा कि कई परिवारों में भोजन का पहला हिस्सा गोमाता को देने की परंपरा रही है। उन्होंने इसे गाय के प्रति समाज में मौजूद श्रद्धा और सम्मान से जोड़ते हुए गो-संरक्षण की आवश्यकता पर जोर दिया।
सनातन समाज की एकता पर भी बोले योगी
कार्यक्रम के दौरान सीएम योगी ने देश के इतिहास और सनातन समाज की एकता का मुद्दा भी उठाया। उन्होंने कहा कि इतिहास में कई ऐसे दौर आए जब समाज के बंटे होने का नुकसान देश को उठाना पड़ा। उनके मुताबिक, समाज के भीतर एकजुटता की कमी ने बाहरी शक्तियों को मजबूत होने का अवसर दिया।
योगी ने अयोध्या और संभल से जुड़े ऐतिहासिक संदर्भों का उल्लेख करते हुए कहा कि समाज को अतीत की घटनाओं से सीख लेने की जरूरत है। उन्होंने लोगों से एकजुट रहने और देश की एकता व मजबूती के लिए सामूहिक रूप से काम करने की अपील की।


