Hockey World Cup 2026: नीदरलैंड्स ने भारत को 2-0 से दी मात, सेमीफाइनल के लिए ऑस्ट्रेलिया से होगा ‘करो या मरो’ मुकाबला
मुकाबले की शुरुआत भारत के लिए अच्छी नहीं रही। नीदरलैंड्स ने शुरुआती दबाव बनाते हुए पेनल्टी कॉर्नर हासिल किया और यिब्बी जानसेन ने 2वें मिनट में इसे गोल में बदल दिया।

अम्स्टेलवीन। FIH महिला हॉकी विश्व कप 2026 के दूसरे चरण में भारतीय महिला हॉकी टीम को मौजूदा चैंपियन नीदरलैंड्स के खिलाफ 0-2 से हार का सामना करना पड़ा। शुक्रवार को वैगनर स्टेडियम में खेले गए मुकाबले में नीदरलैंड्स ने शुरुआत से ही आक्रामक हॉकी खेली और भारत को गोल करने से रोके रखा। इस जीत के साथ नीदरलैंड्स ने सेमीफाइनल में अपनी जगह पक्की कर ली, जबकि भारत की उम्मीदें अब ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ होने वाले निर्णायक मुकाबले पर टिक गई हैं।
81 सेकंड में नीदरलैंड्स ने खोला खाता
मुकाबले की शुरुआत भारत के लिए अच्छी नहीं रही। नीदरलैंड्स ने शुरुआती दबाव बनाते हुए पेनल्टी कॉर्नर हासिल किया और यिब्बी जानसेन ने 2वें मिनट में इसे गोल में बदल दिया। शुरुआती बढ़त मिलने के बाद डच टीम ने लगातार भारतीय डिफेंस पर दबाव बनाए रखा। भारत ने पहले हाफ में वापसी की कोशिश की और कुछ अच्छे हमले भी बनाए, लेकिन नीदरलैंड्स की मजबूत रक्षापंक्ति को भेदने में कामयाब नहीं हो सका।
सविता पूनिया ने कई शानदार बचाव किए
भारतीय टीम की गोलकीपर सविता पूनिया ने कई महत्वपूर्ण बचाव करते हुए नीदरलैंड्स को अपनी बढ़त बढ़ाने से रोका। भारतीय डिफेंस ने भी कुछ मौकों पर पेनल्टी कॉर्नर और गोल के खतरों को टाला। हालांकि, लगातार हमलों के सामने भारत को दूसरे गोल से ज्यादा देर तक बचाव नहीं मिल सका।
38वें मिनट में मिला दूसरा झटका
तीसरे क्वार्टर में नीदरलैंड्स ने एक बार फिर दबाव बढ़ाया। टीम को पेनल्टी कॉर्नर मिला और फ्रेडरिके माटला ने 38वें मिनट में गोल करके स्कोर 2-0 कर दिया। दो गोल की बढ़त के बाद डच टीम ने मैच की रफ्तार को अपने नियंत्रण में रखा। भारत ने आखिरी क्वार्टर में गोल करने के लिए पूरी ताकत झोंकी, लेकिन नीदरलैंड्स की गोलकीपर और डिफेंस ने भारतीय हमलों को रोक दिया।
भारत के लिए अब ऑस्ट्रेलिया से करो या मरो का मुकाबला
हार के बाद भारत पूल E में एक अंक पर है और अब रविवार को ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ जीत जरूरी हो गई है। हालांकि सिर्फ जीत ही पर्याप्त नहीं होगी। भारत को सेमीफाइनल में पहुंचने के लिए नीदरलैंड्स और चीन के बीच होने वाले मुकाबले के नतीजे पर भी निर्भर रहना होगा। हॉकी इंडिया के अनुसार, भारत को ऑस्ट्रेलिया को हराने के साथ यह भी उम्मीद करनी होगी कि नीदरलैंड्स चीन के खिलाफ न हारे।
ऑस्ट्रेलिया भी सेमीफाइनल की दौड़ में
ऑस्ट्रेलिया के पास भी सेमीफाइनल में पहुंचने का मौका है। भारत और ऑस्ट्रेलिया दोनों के खाते में फिलहाल एक-एक अंक है। ऐसे में दोनों के बीच होने वाला मुकाबला पूल E की दूसरी सेमीफाइनल जगह तय करने में बेहद अहम होगा।
नीदरलैंड्स से मिली हार के बावजूद उम्मीद कायम
भारत के लिए नीदरलैंड्स के खिलाफ मुकाबला कठिन रहा, लेकिन टीम अभी टूर्नामेंट से बाहर नहीं हुई है। अब पूरा ध्यान ऑस्ट्रेलिया के खिलाफ निर्णायक मुकाबले पर रहेगा। भारतीय टीम को सेमीफाइनल की दौड़ में बने रहने के लिए दबाव के बीच बेहतर प्रदर्शन के साथ जीत दर्ज करनी होगी।


