Top
Begin typing your search above and press enter to search.
ताजा खबर

PandwaniSinger Teejan Bai Passes Away: पद्म विभूषण पंडवानी गायिका डॉ. तीजन बाई का निधन, लोककला जगत में शोक की लहर, रायपुर एम्स में ली अंतिम सांस

Vpb
PandwaniSinger Teejan Bai Passes Away: पद्म विभूषण पंडवानी गायिका डॉ. तीजन बाई का निधन, लोककला जगत में शोक की लहर, रायपुर एम्स में ली अंतिम सांस
X

PandwaniSinger Teejan Bai Passes Away: रायपुर: छत्तीसगढ़ की प्रसिद्ध पंडवानी गायिका और पद्म विभूषण से सम्मानित डॉ. तीजन बाई का रविवार तड़के रायपुर के एम्स अस्पताल में निधन हो गया। वह लंबे समय से बीमार थीं और उनका इलाज चल रहा था। बताया जा रहा है कि उनके फेफड़ों में पानी भर गया था, जिससे उन्हें सांस लेने में परेशानी हो रही थी। उन्होंने सुबह करीब 3:15 बजे अंतिम सांस ली। उनके निधन से पूरे प्रदेश और देश के कला जगत में शोक की लहर है।

बचपन से ही पंडवानी से जुड़ाव

डॉ. तीजन बाई का जन्म 24 अप्रैल 1956 को दुर्ग जिले के गनियारी गांव में हुआ था। बचपन में वह अपने नाना से महाभारत की कहानियां सुना करती थीं। यहीं से उन्हें पंडवानी गायन की प्रेरणा मिली। बाद में उन्होंने उमेद सिंह देशमुख से इस लोककला की बारीकियां सीखीं। मात्र 13 साल की उम्र में उन्होंने पहली बार मंच पर प्रस्तुति दी और अपनी दमदार आवाज़ से लोगों का दिल जीत लिया।

दुनिया भर में दिलाई पहचान

तीजन बाई ने उस समय पंडवानी की कापालिक शैली को अपनाया, जब इस शैली में अधिकतर पुरुष कलाकार ही प्रस्तुति देते थे। उन्होंने अपनी अनोखी शैली से पंडवानी को देश ही नहीं, बल्कि विदेशों तक पहुंचाया। एशिया, यूरोप, अमेरिका और ऑस्ट्रेलिया सहित कई देशों में उन्होंने अपनी कला का प्रदर्शन किया। उनके योगदान के लिए उन्हें 1988 में पद्मश्री, 2003 में पद्म भूषण और 2019 में पद्म विभूषण से सम्मानित किया गया।

नेताओं ने जताया दुख

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने तीजन बाई के निधन पर गहरा शोक व्यक्त करते हुए कहा कि उन्होंने छत्तीसगढ़ की लोककला को पूरी दुनिया में नई पहचान दिलाई। वहीं पूर्व मुख्यमंत्री भूपेश बघेल ने इसे छत्तीसगढ़ और देश की कला-संस्कृति के लिए अपूरणीय क्षति बताया। उनके निधन से लोककला जगत ने अपनी एक अमूल्य धरोहर खो दी है।


Next Story

Related Stories

All Rights Reserved. Copyright @2019
Powered By Hocalwire