Loharidih Case : कब्र से निकाली जा रही शिव प्रसाद साहू की लाश, 23 आरोपियों को मिली जमानत...
अब मृतक की लाश को कब्र से बाहर निकाला जा रहा है, ताकि ताजातरीन जांच के आधार पर हत्या की सही परिस्थितियों का खुलासा हो सके।

Loharidih Case : कवर्धा। कबीरधाम जिले के चर्चित लोहारीडीह कांड में एक महत्वपूर्ण अपडेट सामने आया है। मृतक शिव प्रसाद साहू की बेटी द्वारा मध्यप्रदेश हाईकोर्ट में याचिका दायर की गई थी, जिसके बाद कोर्ट ने मामले की गंभीरता को देखते हुए दोबारा पोस्टमॉर्टम (पीएम) करने का आदेश दिया। अब मृतक की लाश को कब्र से बाहर निकाला जा रहा है, ताकि ताजातरीन जांच के आधार पर हत्या की सही परिस्थितियों का खुलासा हो सके।
Loharidih Case : 23 आरोपियों को मिली जमानत-
इस मामले में 166 लोगों के खिलाफ हत्या का मामला दर्ज किया गया था, जिसमें 33 महिलाएं भी शामिल थीं। इन आरोपियों में से 69 लोग गिरफ्तार कर जेल भेजे गए थे, और कई अन्य विचाराधीन कैदी थे। खास बात यह है कि हत्या के आरोप में जेल में बंद विचाराधीन कैदी प्रशांत साहू की भी जेल में मौत हो गई थी। मामले की जांच के दौरान कबीरधाम पुलिस ने एसआईटी (विशेष जांच टीम) का गठन किया था, और अब इस टीम ने 23 आरोपियों को निर्दोष मानते हुए उनके खिलाफ कोई ठोस सबूत न होने के कारण उनके खिलाफ दर्ज चार एफआईआर को खारिज कर दिया। देर शाम, 84 दिन बाद, अदालत ने इन 23 आरोपियों को जमानत दे दी है। हालांकि, एक मामले में पुलिस के साथ मारपीट और पथराव का आरोप अभी भी जारी है, और इस मामले में जांच जारी है।
Loharidih Case : कौन था शिव प्रसाद साहू और क्या था मामला?
14 सितंबर की रात को शिव प्रसाद साहू, जिन्हें कचरू साहू भी कहा जाता है, की हत्या कर दी गई थी। मध्यप्रदेश के बिरसा थाना क्षेत्र के एक गांव में उनका शव एक पेड़ से लटका हुआ मिला था। प्रारंभ में, मध्यप्रदेश पुलिस ने इस घटना को आत्महत्या करार दिया था, लेकिन कचरू साहू की बेटी ने इस पर आपत्ति जताते हुए आरोप लगाया कि उनके पिता की हत्या की गई है और शव को आत्महत्या का रूप देने के लिए लटका दिया गया था। इस आरोप पर मध्यप्रदेश हाईकोर्ट ने एक याचिका पर विचार करते हुए दोबारा पोस्टमॉर्टम कराने का आदेश दिया। इसके बाद पुलिस ने गहन जांच की और यह साबित हुआ कि कचरू साहू की हत्या की गई थी, न कि आत्महत्या। पुलिस ने अब तक इस मामले में चार आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया है।
Loharidih Case : कब्र से शव निकालने की प्रक्रिया-
अब, 83 दिन बाद, शिव प्रसाद साहू की लाश को कब्र से बाहर निकाला जा रहा है। इस प्रक्रिया में मध्यप्रदेश और छत्तीसगढ़ की संयुक्त टीम शामिल है, जो शव को लेकर दोबारा जांच करेगी और पोस्टमॉर्टम रिपोर्ट के आधार पर हत्या की सही वजह का खुलासा करेगी। इस पूरे घटनाक्रम में राजनीतिक और कानूनी हलचल तेज है, और मामले की जटिलता को देखते हुए यह माना जा रहा है कि और भी महत्वपूर्ण तथ्य सामने आ सकते हैं।


