राजस्थान हाईकोर्ट ने 37 जजों को सौंपी नई जिम्मेदारी, जिलों के लिए बनाए गए गार्जियन जज, जानिए किसे मिला कौन सा जिला
राजस्थान हाईकोर्ट ने 37 न्यायाधीशों की नई जिम्मेदारी तय की

जयपुर: राजस्थान हाईकोर्ट के मुख्य न्यायाधीश जस्टिस संजय के. अग्रवाल ने हाईकोर्ट के सभी 37 न्यायाधीशों को जिलों के लिए नई गार्जियन जज की जिम्मेदारी सौंपी है। न्यायाधीशों की सेवानिवृत्ति, पदोन्नति और तबादलों के बाद यह नई व्यवस्था लागू की गई है। आदेश तत्काल प्रभाव से प्रभावी होगा।
किस जज को कौन सा जिला मिला
नई व्यवस्था के तहत कुछ जजों को एक, जबकि कुछ को दो जिलों की जिम्मेदारी दी गई है। जस्टिस विनीत कुमार माथुर को जोधपुर मेट्रोपॉलिटन और उदयपुर, जस्टिस इंदरजीत सिंह को जयपुर मेट्रोपॉलिटन-1 की जिम्मेदारी मिली है। जस्टिस अरुण मोंगा को भीलवाड़ा-प्रतापगढ़ और जस्टिस महेंद्र कुमार गोयल को जयपुर मेट्रोपॉलिटन-2 का गार्जियन जज बनाया गया है।
इन जिलों की भी जिम्मेदारी तय
जस्टिस फर्जंद अली को बीकानेर और डूंगरपुर, जस्टिस रेखा बोराणा को चित्तौड़गढ़-जैसलमेर, जस्टिस कुलदीप माथुर को पाली-फलोदी और जस्टिस नूपुर भाटी को हनुमानगढ़-सलूंबर सौंपे गए हैं।
गार्जियन जज क्या करेंगे?
गार्जियन जज अपने जिलों में न्यायिक अधिकारियों के कामकाज और न्यायिक व्यवस्था की दक्षता व ईमानदारी से जुड़े मामलों पर मुख्य न्यायाधीश को सलाह देंगे। जिला दौरे से पहले उन्हें कार्यक्रम की जानकारी मुख्य न्यायाधीश को देनी होगी। दौरे इस तरह तय होंगे कि अदालतों के कामकाज पर कम से कम असर पड़े।
जिला न्यायाधीशों को भेजा आदेश
हाईकोर्ट की दोनों पीठों के प्रशासनिक अधिकारियों और संबंधित जिला एवं सत्र न्यायाधीशों को आदेश की प्रतियां भेजी गई हैं। जिला न्यायाधीशों को इसे संबंधित अदालतों और जिला जज स्तर के न्यायाधिकरणों तक पहुंचाने के निर्देश दिए गए हैं।


