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CG News:मंदिर हसौद पत्थर खदानों के अवैध खनन, परिवहन एवं भंडारण से फैल रहा प्रदूषण, पार्षद अनुज मिश्रा ने केंद्रीय मंत्री को भेजी शिकायत, खनन पट्टा निरस्त करने की मांग

CG News: रायपुर। छत्तीसगढ़ की राजधानी रायपुर के मंदिर हसौद नगर पालिका परिषद क्षेत्र में संचालित चुना पत्थर खदानों में छत्तीसगढ़ गौण खनिज नियम 2015 और पर्यावरण संरक्षण अधिनियम 1986 के उल्लंघन का गंभीर आरोप लगाया गया है।

CG News:मंदिर हसौद पत्थर खदानों के अवैध खनन, परिवहन एवं भंडारण से फैल रहा प्रदूषण, पार्षद अनुज मिश्रा ने केंद्रीय मंत्री को भेजी शिकायत, खनन पट्टा निरस्त करने की मांग
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CG News: रायपुर। छत्तीसगढ़ की राजधानी रायपुर के मंदिर हसौद नगर पालिका परिषद क्षेत्र में संचालित चुना पत्थर खदानों में छत्तीसगढ़ गौण खनिज नियम 2015 और पर्यावरण संरक्षण अधिनियम 1986 के उल्लंघन का गंभीर आरोप लगाया गया है। स्थानीय पार्षद और अधिवक्ता अनुज मिश्रा ने केंद्रीय पर्यावरण मंत्री भपेंद्र यादव और प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड के अध्यक्ष को आवेदन देकर इन खदानों के संचालकों और लीजधारियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई और खनन पट्टा निरस्त करने की मांग की है।

CG News: पार्षद अनुज मिश्रा ने अपने शिकायत पत्र में बताया कि मंदिर हसौद में संचालित चुना पत्थर खदानों के लीजधारियों पर्यावरण नियमों का उल्लंघन किया जा रहा है। पत्र में कहा गया है कि,मंदिर हसौद नगर पालिका परिषद क्षेत्र में संचालित चुना पत्थर खदानों में खनिज (खनन, परिवहन, और भंडारण) नियम 2009 के तहत बिना परमिट के अवैध खनन, परिवहन, और भंडारण किया जा रहा है। छत्तीसगढ़ गौण खनिज नियम 2015 के नियम 51(11) के अनुसार, खनन क्षेत्रों में सीमा चिन्ह और स्तंभ लगाना अनिवार्य है, लेकिन किसी भी खदान में यह नहीं किया गया। इससे स्वीकृत क्षेत्र से बाहर अवैध खनन हो रहा है, जो भारतीय खान ब्यूरो के मानकों और खनन पट्टा विलेख की शर्तों का उल्लंघन है।

CG News: शिकायत पत्र में बताया कि, पर्यावरण प्रभाव आकलन अधिसूचना 2006 के तहत बफर जोन में 7.5 मीटर तक वृक्षारोपण अनिवार्य है, लेकिन किसी भी खदान ने इसका पालन नहीं किया, जो नियम 42 का उल्लंघन है। तय सीमा से अधिक खनन और अनियंत्रित हैवी ब्लास्टिंग के कारण क्षेत्र में भूमिगत जल संकट उत्पन्न हो गया है। इससे आसपास के मकानों में दरारें पड़ रही हैं और स्थानीय लोगों को परेशानी हो रही है। खनिजों को बिना ढके परिवहन करने से सड़कों पर गिट्टी और बोल्डर गिरते हैं, जिससे नकटी रोड और माना रोड पर दुर्घटनाएं बढ़ रही हैं। साथ ही, धूल और प्रदूषण से क्षेत्रवासियों को स्वास्थ्य समस्याओं का सामना करना पड़ रहा है। जल छिड़काव जैसी प्रदूषण नियंत्रण उपायों का भी पालन नहीं हो रहा।

CG News: पार्षद अनुज मिश्रा ने अपने शिकायत पत्र में बताया कि, छत्तीसगढ़ खनिज नीति 2013 के तहत जांच चौकियां और तौल कांटा स्थापित करना अनिवार्य है, लेकिन मंदिर हसौद में ऐसी व्यवस्था नहीं है। इससे अवैध परिवहन पर रोक नहीं लग पा रही। पार्षद ने बताया कि सामान्य प्रशासन विभाग द्वारा 2005 में गठित जिला टास्क फोर्स, जिसमें जिला कलेक्टर, पुलिस अधीक्षक, वन मंडल अधिकारी, खनिज अधिकारी, और क्षेत्रीय परिवहन अधिकारी शामिल हैं, अवैध खनन और परिवहन पर निगरानी करने में विफल रही है। मासिक समीक्षा बैठकें भी नहीं हो रही हैं, जिससे खनन माफियाओं के हौसले बुलंद हैं।

CG News: पार्षद अनुज मिश्रा ने मांग की है कि,अवैध खनन, परिवहन, और भंडारण पर तत्काल रोक लगाई जाए।बफर जोन, वृक्षारोपण, और जल छिड़काव जैसे नियमों का पालन सुनिश्चित किया जाए। हैवी ब्लास्टिंग पर रोक लगाई जाए।छत्तीसगढ़ गौण खनिज नियम 2015 और खान और खनिज (विकास और विनियमन) अधिनियम 1957 के तहत दोषी लीजधारियों के खनन पट्टे निरस्त किए जाएं। पर्यावरण संरक्षण अधिनियम 1986 के तहत त्वरित कार्रवाई की जाए।


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