CG News : 'शादी करेंगे' कहकर बुजुर्ग से ठगे 9.50 लाख, पुलिस ने ओडिशा के अंतर्राज्यीय ठग गिरोह का किया पर्दाफाश
- Rohit banchhor
- 01 Jul, 2026
एंटी क्राइम एंड साइबर यूनिट और आजाद चौक थाना पुलिस की संयुक्त कार्रवाई में ओडिशा के तीन आरोपियों को गिरफ्तार किया गया है।
CG News : रायपुर। राजधानी रायपुर में शादी का झांसा देकर एक सेवानिवृत्त तकनीशियन से करीब 9.50 लाख रुपये की ठगी करने वाले अंतर्राज्यीय गिरोह का पुलिस ने भंडाफोड़ किया है। एंटी क्राइम एंड साइबर यूनिट और आजाद चौक थाना पुलिस की संयुक्त कार्रवाई में ओडिशा के तीन आरोपियों को गिरफ्तार किया गया है।
पुलिस के मुताबिक, पीड़ित मनहरण टिकरिहा की पहचान दिल्ली के एक मैरिज ब्यूरो के माध्यम से खुद को रजनी शर्मा बताने वाली महिला से कराई गई थी। महिला ने स्वयं को कोरबा निवासी और रेलवे से सेवानिवृत्त इंजीनियर बताकर विश्वास हासिल किया। इसके बाद उसने शादी की तैयारी, पारिवारिक कार्यक्रम, दुर्घटना और इलाज जैसे अलग-अलग बहाने बनाकर समय-समय पर पैसों की मांग की।
विश्वास में आए पीड़ित ने 15 जून 2025 से 9 जनवरी 2026 के बीच अलग-अलग बैंक खातों में करीब 9.50 लाख रुपये ट्रांसफर कर दिए। रकम मिलने के बाद आरोपी महिला ने अपना मोबाइल बंद कर लिया और संपर्क पूरी तरह समाप्त कर दिया। इसके बाद पीड़ित ने आजाद चौक थाने में शिकायत दर्ज कराई।
मामले की गंभीरता को देखते हुए पुलिस ने तकनीकी जांच, मोबाइल नंबरों की ट्रैकिंग और बैंक खातों के लेन-देन का विश्लेषण किया। जांच में ठगी के तार ओडिशा से जुड़े मिले। इसके बाद पुलिस टीम ने बलांगीर जिले में दबिश देकर जसवंत डूंडी को गिरफ्तार किया। पूछताछ में मिली जानकारी के आधार पर मनोज राणा और यश नायक को भी गिरफ्तार कर लिया गया।
पुलिस ने आरोपियों के कब्जे से घटना में इस्तेमाल किए गए तीन मोबाइल फोन जब्त किए हैं। तीनों के खिलाफ भारतीय न्याय संहिता (BNS) और आईटी एक्ट की संबंधित धाराओं के तहत मामला दर्ज कर आगे की कार्रवाई की जा रही है।
प्रारंभिक जांच में सामने आया है कि गिरोह का तरीका बेहद सुनियोजित था। आरोपी पहले मैरिज ब्यूरो के जरिए लोगों से संपर्क करते, फिर फर्जी पहचान और भावनात्मक कहानियों के माध्यम से विश्वास जीतकर लाखों रुपये की ठगी करते थे।
पुलिस का कहना है कि गिरोह के अन्य सदस्यों की तलाश जारी है और पूछताछ में कई अन्य मामलों के खुलासे की संभावना है। साथ ही लोगों से अपील की गई है कि ऑनलाइन मैट्रिमोनियल प्लेटफॉर्म या सोशल मीडिया के माध्यम से बने रिश्तों में आर्थिक लेन-देन करने से पहले पूरी तरह सत्यापन अवश्य करें।

