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CG News : फर्जी सिम कार्ड बेचने वाले 13 पीओएस एजेंट गिरफ्तार, म्यूल अकाउंट से जुड़ा बड़ा घोटाला उजागर...

ग्राहकों के आधार कार्ड और अन्य दस्तावेजों का गलत इस्तेमाल कर फर्जी सिम कार्ड एक्टिवेट करते थे।

CG News : फर्जी सिम कार्ड बेचने वाले 13 पीओएस एजेंट गिरफ्तार, म्यूल अकाउंट से जुड़ा बड़ा घोटाला उजागर...
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CG News : रायपुर। छत्तीसगढ़ पुलिस ने ऑपरेशन साइबर शील्ड के तहत एक बड़ी सफलता हासिल की है। फर्जी सिम कार्ड बेचने और म्यूल बैंक अकाउंट से जुड़े घोटाले में शामिल 13 पीओएस (प्वाइंट ऑफ सेल) एजेंटों को गिरफ्तार किया गया है। यह घोटाला एयरटेल और जियो जैसे टेलीकॉम कंपनियों के सिम कार्ड से जुड़ा हुआ है, जिनका इस्तेमाल म्यूल अकाउंट बनाने और अन्य गैर-कानूनी गतिविधियों के लिए किया जा रहा था। पुलिस के अनुसार, जांच के दौरान पता चला कि गिरफ्तार किए गए एजेंट्स ग्राहकों के आधार कार्ड और अन्य दस्तावेजों का गलत इस्तेमाल कर फर्जी सिम कार्ड एक्टिवेट करते थे।

CG News : इन सिम कार्ड्स को बाद में म्यूल अकाउंट बनाने वाले ब्रोकर्स और संचालकों को बेचा जाता था। यह ब्रोकर्स पहले ही पुलिस की कार्रवाई में गिरफ्तार किए जा चुके हैं। गिरफ्तार किए गए आरोपियों ने पूछताछ में बताया कि वे ग्राहकों के डबल थंब प्रिंट और आई ब्लिंक स्कैन का इस्तेमाल कर ई-केवाईसी के जरिए अतिरिक्त सिम कार्ड एक्टिवेट करते थे। साथ ही, जिन ग्राहकों के पास आधार कार्ड की फिजिकल कॉपी होती थी, उनका विवरण खुद वेरीफाई कर डी-केवाईसी के माध्यम से अतिरिक्त सिम कार्ड जारी करते थे।

CG News : गिरफ्तार किए गए आरोपियों में कुलवंत सिंह छाबड़ा, खेमन साहू, अजय मोटघरे, ओम आर्य, चंद्रशेखर साहू, पुरुषोत्तम देवागंन, रवि कुमार साहू, रोशन लाल देवागंन, के. शुभम सोनी, के. वंशी सोनी, त्रिभुवन सिंह, अमर राज केशरी और विक्की देवांगन शामिल हैं। इन सभी को न्यायिक अभिरक्षा में जेल भेज दिया गया है। पुलिस ने बताया कि इस घोटाले का पता तब चला जब संबंधित टेलीकॉम कंपनियों से मोबाइल नंबरों की जानकारी प्राप्त की गई और तकनीकी विश्लेषण के आधार पर फर्जी सिम कार्ड बेचने वाले एजेंट्स की पहचान की गई।

CG News : यह मामला साइबर अपराध और फर्जीवाड़े की बढ़ती घटनाओं को रोकने की दिशा में एक बड़ा कदम माना जा रहा है। छत्तीसगढ़ पुलिस ने चेतावनी दी है कि ऐसे अपराधों में शामिल लोगों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाएगी और साइबर सुरक्षा को मजबूत करने के लिए ऑपरेशन साइबर शील्ड जैसे अभियान जारी रहेंगे।


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