CG Crime : एक करोड़ की गांजा तस्करी का मास्टरमाइंड एमपी से गिरफ्तार, फेरीवाला बनकर बाइक से हो रही थी तस्करी
CG Crime : महासमुंद। छत्तीसगढ़ के महासमुंद जिले की बसना पुलिस ने अंतरराज्यीय गांजा तस्करी के एक बड़े नेटवर्क का खुलासा करते हुए 215 किलोग्राम गांजा तस्करी मामले के मास्टरमाइंड को मध्यप्रदेश के सतना से गिरफ्तार किया है। पुलिस ने मामले में अब तक छह अंतरराज्यीय तस्करों को गिरफ्तार कर लिया है। इस कार्रवाई में कुल 1 करोड़ 11 लाख रुपये की संपत्ति जब्त की गई है, जिसमें 215 किलोग्राम गांजा भी शामिल है। बरामद गांजे की कीमत लगभग 1 करोड़ 7 लाख 50 हजार रुपये आंकी गई है।
क्या है मामला-
10 मई को मुखबिर की सूचना पर बसना थाना क्षेत्र में पदमपुर (ओडिशा) से आ रही पांच मोटरसाइकिलों को घेराबंदी कर रोका गया। तलाशी के दौरान प्रत्येक बाइक की पिछली सीट के पीछे विशेष रूप से तैयार लोहे के गुप्त कम्पार्टमेंट में छिपाकर रखा गया कुल 215 किलोग्राम गांजा बरामद किया गया। आरोपियों ने पुलिस को भ्रमित करने के लिए इन कम्पार्टमेंटों को कपड़ों से ढंक रखा था और स्वयं फेरीवाले के वेश में घूम रहे थे। मौके से पांच आरोपियों को गिरफ्तार कर गांजा, मोटरसाइकिलें और मोबाइल फोन जब्त किए गए थे।
पूछताछ में मिला था सुराग-
मामले की जांच के दौरान पुलिस ने गिरफ्तार आरोपियों के मेमोरेंडम, मोबाइल कॉल डिटेल, तकनीकी साक्ष्यों तथा बैंक लेन-देन का गहन विश्लेषण किया। जांच में खुलासा हुआ कि पूरे तस्करी नेटवर्क का संचालन मध्यप्रदेश के सतना निवासी अशोक सिंह कर रहा था। वह ओडिशा के मुख्य गांजा सप्लायर के लगातार संपर्क में रहकर तस्करी की खेप की पायलटिंग करता था। साथ ही अवैध लेन-देन और सप्लायरों को एडवांस भुगतान अपनी पत्नी के बैंक खाते के माध्यम से करता था।
साक्ष्यों के आधार पर बसना थाना पुलिस की विशेष टीम मध्यप्रदेश रवाना हुई। मोबाइल लोकेशन और तकनीकी इनपुट के आधार पर 10 जुलाई को सतना के कोतवाली थाना क्षेत्र से मुख्य आरोपी अशोक सिंह को गिरफ्तार कर लिया गया। पूछताछ में आरोपी ने अपना अपराध स्वीकार कर लिया।
पुलिस आरोपी को ट्रांजिट रिमांड पर बसना लाई, जहां उसे न्यायालय में पेश किया गया। उसके खिलाफ बसना थाना में एनडीपीएस एक्ट की धारा 20(ख)(सी) के तहत मामला दर्ज है। फिलहाल तस्करी नेटवर्क से जुड़े अन्य लोगों की भूमिका की भी जांच की जा रही है।

