Bank Strike September 2026: कल बैंक जाने से पहले पढ़ लें ये खबर, जानें क्यों लंबा खिंच सकता है हड़ताल का दौर
Bank Strike September 2026: 11 सितंबर 2026 को बैंक कर्मचारियों की देशव्यापी हड़ताल होगी। जानें हड़ताल की वजह, आगे की तारीखें और बैंक ग्राहकों पर इसका क्या असर पड़ेगा।

रायपुर। अगर आपका बैंक से जुड़ा कोई जरूरी काम है, तो उसे 11 सितंबर को टालना पड़ेगा। दरअसल यूनाइटेड फोरम ऑफ बैंक यूनियन्स (UFBU) ने 11 सितंबर 2026 को देशव्यापी बैंक हड़ताल का आह्वान किया है। इसके बाद सितंबर के अंत में तीन दिन की हड़ताल और अक्टूबर से अनिश्चितकालीन हड़ताल की चेतावनी भी दी गई है।
इस हड़ताल की सबसे बड़ी वजह 5 दिवसीय बैंकिंग सप्ताह लागू करने में देरी बताई जा रही है। यूनियनों का कहना है कि मार्च 2024 में हुए द्विपक्षीय समझौते के बाद भी इस व्यवस्था को लागू करने की मंजूरी अब तक नहीं मिली है। 9 सितंबर को भी UFBU ने हड़ताल आगे बढ़ाने का फैसला बरकरार रखा।
11 सितंबर को क्यों हो रही है बैंक हड़ताल?
बैंक यूनियनों की प्रमुख मांग सप्ताह में पांच दिन बैंकिंग व्यवस्था लागू करने की है। यूनियनों के अनुसार, बैंकिंग क्षेत्र में पांच दिवसीय कार्य सप्ताह को लेकर समझौता होने के बावजूद इसका अंतिम क्रियान्वयन नहीं हुआ है।
इसके अलावा Performance Linked Incentive (PLI) व्यवस्था को लेकर भी यूनियनों की आपत्ति है। UFBU ने PLI से जुड़े नियमों में बदलाव और कर्मचारियों के बीच संभावित असमानता पर सवाल उठाए हैं।
पेंशन से जुड़े मुद्दे और अन्य लंबित कर्मचारी मांगें भी आंदोलन का हिस्सा हैं। हालांकि, अलग-अलग मांगों को लेकर बातचीत जारी रहने के बावजूद 11 सितंबर की हड़ताल टालने पर सहमति नहीं बन सकी।
आगे कब-कब होगी बैंक हड़ताल?
UFBU ने आंदोलन को चरणबद्ध तरीके से आगे बढ़ाने का कार्यक्रम घोषित किया है:-
11 सितंबर 2026:- एक दिवसीय देशव्यापी हड़ताल
28, 29 और 30 सितंबर 2026:- तीन दिवसीय देशव्यापी हड़ताल
26 अक्टूबर 2026 से:- मांगें नहीं मानी गईं तो अनिश्चितकालीन हड़ताल का आह्वान।
ग्राहकों पर क्या पड़ेगा असर?
हड़ताल की वजह से बैंक शाखाओं और कार्यालयों में सामान्य कामकाज प्रभावित हो सकता है। SBI समेत कई बैंकों ने हड़ताल की वजह से परिचालन पर असर पड़ने की संभावना के बारे में जानकारी दी है। SBI ने यह भी कहा है कि सामान्य कामकाज बनाए रखने के लिए व्यवस्थाएं की गई हैं।
5 दिवसीय बैंकिंग सप्ताह की मांग क्या है?
बैंक यूनियनें चाहती हैं कि बैंकिंग व्यवस्था भी सोमवार से शुक्रवार तक चले और शनिवार-रविवार साप्ताहिक अवकाश रहे। यूनियनों के अनुसार, इस व्यवस्था को लेकर मार्च 2024 के द्विपक्षीय समझौते में सहमति बनी थी। लेकिन इसे लागू करने के लिए सरकार की मंजूरी जरूरी है और इसी मंजूरी में देरी को लेकर यूनियनें नाराज हैं।
सरकार से बातचीत का क्या हुआ?
हड़ताल से पहले यूनियनों और संबंधित पक्षों के बीच बातचीत हुई, लेकिन 5 दिवसीय बैंकिंग सप्ताह को लेकर कोई ठोस समाधान सामने नहीं आया। AIBEA के 10 सितंबर के अपडेट के मुताबिक, 8 और 9 सितंबर की बातचीत के बाद भी 11 सितंबर की हड़ताल वापस लेने का फैसला नहीं हुआ। ऐसे में फिलहाल 11 सितंबर की देशव्यापी बैंक हड़ताल तय कार्यक्रम के मुताबिक आगे बढ़ रही है।


