RakshaBandhan 2024 : इस गांव की लड़कियां नहीं बांधती अपने भाई को राखी, जानिए क्यों नहीं मनाया जाता रक्षाबंधन का पर्व
RakshaBandhan 2024 : गाजियाबाद। जिले के सुराणा गांव में रक्षाबंधन का पर्व नहीं मनाया जाता है।
By : Rohit Banchhor
Update: 2024-08-18 05:47 GMT
RakshaBandhan 2024 : गाजियाबाद। जिले के सुराणा गांव में रक्षाबंधन का पर्व नहीं मनाया जाता है। जब देशभर में रक्षाबंधन का पर्व धूमधाम से मनाया जा रहा है, सुराणा गांव में इस त्यौहार को मनाने की कोई तैयारी नहीं है। यहां बहनों द्वारा भाइयों को राखी बांधना शुभ नहीं बल्कि अशुभ माना जाता है, और वर्षों से यह परंपरा चली आ रही है।
RakshaBandhan 2024 : गांव के प्राचीन घूमेश्वर महादेव मंदिर के पुजारी अखिलेश शर्मा बताते हैं कि पहले इस गांव का नाम सोहनगढ़ था। इतिहास के अनुसार, पृथ्वीराज चौहान के वंशजों ने यहां शरण ली थी, जिसे मोहम्मद गौरी ने हमला करके तहस-नहस कर दिया। इस हमले में कई गांववासियों की निर्मम हत्या हो गई, और यह त्रासदी रक्षाबंधन के दिन ही घटित हुई थी। तब से इस गांव के छाबड़िया गोत्र के लोग रक्षाबंधन का पर्व नहीं मनाते बल्कि उस दिन अपने पूर्वजों को श्रद्धांजलि अर्पित करते हैं।
RakshaBandhan 2024 : गांव के युवाओं का कहना है कि वे अपने पूर्वजों की परंपरा का सम्मान करते हैं और इसे तोड़ना नहीं चाहते। रक्षाबंधन के दिन पूरा परिवार मिलकर पूर्वजों की स्मृति में उन्हें श्रद्धांजलि देता है। इस गांव में रक्षाबंधन के दिन न तो बहनें सजती-संवरती हैं और न ही भाइयों की कलाई पर राखियां बांधी जाती हैं।