CG News : बिलासपुर। जिले में पथरी के ऑपरेशन के बाद एक आरक्षक की मौत से बड़ा विवाद खड़ा हो गया है। मृतक सत्यकुमार पाटले (36), जो पुलिस विभाग में आरक्षक के पद पर तैनात थे, की सर्जरी के बाद अचानक तबीयत बिगड़ने से मौत हो गई। घटना के बाद आक्रोशित परिजनों ने अस्पताल में जमकर हंगामा किया और इलाज में गंभीर लापरवाही का आरोप लगाया।

जानकारी के मुताबिक, सत्यकुमार को 26 अप्रैल को पेट में तेज दर्द होने पर नेहरू नगर स्थित एक निजी अस्पताल में भर्ती कराया गया था। जांच के बाद डॉक्टरों ने पथरी की पुष्टि कर ऑपरेशन की सलाह दी। 29 अप्रैल को सर्जरी की गई, जिसके बाद डॉक्टरों ने ऑपरेशन सफल बताया और मरीज की हालत सामान्य होने की बात कही। लेकिन अगले ही दिन अचानक उनकी तबीयत बिगड़ने लगी, उन्हें वेंटिलेटर पर रखा गया और शनिवार दोपहर उनकी मौत हो गई।

परिजनों का आरोप है कि ऑपरेशन के बाद जब मरीज को खांसी और तकलीफ हुई, तब अस्पताल स्टाफ ने समय पर इलाज नहीं किया, जिससे हालत बिगड़ती चली गई। उन्होंने अस्पताल प्रबंधन और संबंधित डॉक्टरों के खिलाफ एफआईआर दर्ज करने की मांग की है और चेतावनी दी है कि कार्रवाई नहीं होने पर आंदोलन करेंगे।

वहीं अस्पताल प्रबंधन ने इन आरोपों को खारिज करते हुए कहा है कि ऑपरेशन पूरी तरह सफल रहा था और मरीज की स्थिति सामान्य थी, लेकिन अचानक हार्ट अटैक आने से उनकी मौत हुई। प्रबंधन का कहना है कि इलाज में किसी तरह की लापरवाही नहीं बरती गई।

घटना की सूचना मिलते ही पुलिस और प्रशासन के वरिष्ठ अधिकारी मौके पर पहुंचे और परिजनों को समझाने की कोशिश की। पुलिस के अनुसार, शव का पोस्टमार्टम कराया जाएगा, जिसकी रिपोर्ट आने के बाद ही मौत के असली कारणों का खुलासा हो सकेगा। फिलहाल मामले की जांच जारी है।

Tags: